
उत्तराखंड :(देहरादून ),22(जून ),2025(रविवार )! स्मार्ट सिटी देहरादून के मध्य स्तिथ कालोनीयों में मुश्किले बड़ती जा रही है स्मार्ट सिटी के डंगवाल मार्ग, नेशविला रोड, चखुवाला, इंद्रा कालोनी में सुबह से शाम तक शारबियों (मदिरापान ) करने वालों की टोली खुलेआम धमाचोकड़ी कर न केवल आम नागरिकों, वरिष्ठ नागरिकों से अभद्रता व मार पीट से भी बाज नहीं आते है नाम न छापने (प्रकाशित ) न करने की शर्त पर ईलाका वासियों ने कहा आखिर कब इस प्रकार की धमाचोकड़ी मचाने वालों पर आखिर कब पुलिस प्रशासन आखिर कब ऑपरेशन मर्यादा के तहत कार्यवाही करेगा वहीं गली कुचों में हर तरफ महफ़िल सजी मिल जाएंगी वहीं इस प्रकार के माहौल से महिलाओं का घरों से निकलना भी दुश्वर हों चुका है वहीं सूरा के शौकीनो से न केवल क्षेत्र की शांति भंग हों रही है वहीं आपराधिक वारदात का भय बना रहता है आखिर कब शासन, प्रशासन, और पुलिस इस पर एक्शन लेतीं है और कब ऑपरेशन मर्यादा की कार्यवाही कर कानून वयवस्था कों मजबूत बनाती है आखिर देखना है कि कब हालात बदलेंगे डंगवाल मार्ग न ही इंद्रा कालोनी, चखुवाला के हालात बदले, अभी भी सुबह, दिन शाम कों मादिरा के शौकीन स्मार्ट सिटी देहरादून की गलियों में सार्वजनिक रूप से मदिरापान कर रहें है
(रोकने -टोकने पर न केवल वरिष्ठ नागरिकों से अभद्रता और मार -पीट पर हों जाते है उतारू वहीं महिलाओं का बहार निकलना हुआ दुश्वर )
उत्तराखंड :(देहरादून ),22(जून ),2025(रविवार )! स्मार्ट सिटी देहरादून के मध्य स्तिथ कालोनीयों में मुश्किले बड़ती जा रही है स्मार्ट सिटी के डंगवाल मार्ग, नेशविला रोड, चखुवाला, इंद्रा कालोनी में सुबह से शाम तक शारबियों (मदिरापान ) करने वालों की टोली खुलेआम धमाचोकड़ी कर न केवल आम नागरिकों, वरिष्ठ नागरिकों से अभद्रता व मार पीट से भी बाज नहीं आते है नाम न छापने (प्रकाशित ) न करने की शर्त पर ईलाका वासियों ने कहा आखिर कब इस प्रकार की धमाचोकड़ी मचाने वालों पर आखिर कब पुलिस प्रशासन आखिर कब ऑपरेशन मर्यादा के तहत कार्यवाही करेगा वहीं गली कुचों में हर तरफ महफ़िल सजी मिल जाएंगी वहीं इस प्रकार के माहौल से महिलाओं का घरों से निकलना भी दुश्वर हों चुका है वहीं सूरा के शौकीनो से न केवल क्षेत्र की शांति भंग हों रही है वहीं आपराधिक वारदात का भय बना रहता है आखिर कब शासन, प्रशासन, और पुलिस इस पर एक्शन लेतीं है और कब ऑपरेशन मर्यादा की कार्यवाही कर कानून वयवस्था कों मजबूत बनाती है आखिर देखना है कि कब हालात बदलेंगे?