उत्तराखंड में सिख व बंजारा समाज की अनदेखी जारी, न सरकार में दायित्व, न पार्टी में दायित्व में, पद रोक वोट ठोक के नीति जारी ।
उत्तराखंड देहरादून। 6अप्रैल 2026। पटेल नगर गुरु रोड़ में अखिल भारतीय बंजारा समाज व सिख संगठनों के द्वारा समाज की उपेक्षा को लेकर बैठक कर बीजेपी सरकार की वोट ठोक के, पद रोक के कि नीति का पुरजोर विरोध किया गया। उत्तराखंड सरकार में न तो सिख समाज से विधायक त्रिलोक सिंह चीमा को मंत्री पद का दायित्व नहीं दिया गया, और अभी हाल फिलहाल मात्र एक पद वो भी उपाध्यक्ष अल्पसंख्यक आयोग के रूप में सरदार बलजीत सिंह सोनी को दिया गया, जो कि उठ के मुंह जीरे के सामान है वहीं उत्तराखंड में रहने वाले बंजारा समाज की भी निरन्तर अनदेखी जारी हैं जिसको लेकर समाज में लगातार रोष गहराता जा रहा है आज पटेल नगर के गुरु रोड़ में अखिल भारतीय बंजारा समाज व राष्ट्रवादीस्वाभिमानी सिख मोर्चा ने संयुक्त बैठक कर अपनी आवाज बुलंद की राष्ट्रवादीस्वाभिमानी सिख मोर्चा के संयोजक कुलदीप सिंह ललकार ने कहा कि चुनावों में बीजेपी की नीति वोट ठोक, पद रोक वाली है, जबकि उसका नारा सबका साथ व सबका विकास है, परंतु स्थिति इससे विपरीत हैं सिख व बंजारा समाज की उपेक्षा अभी भी जारी है, न तो उत्तराखंड सरकार की केबिनेट मे सिख समुदाय के प्रतिनिधि के रूप में विधायक त्रिलोक सिंह चीमा की भी उपेक्षा की गई, न तो संगठन में और न ही सरकार में दायित्व दिए गए हाल फिलहाल एक दायित्व उत्तराखंड अल्पसंख्यक आयोग में उपाध्यक्ष बना कर उठ के मुंह जीरा मात्र है, जबकि चुनावों में बीजेपी की पार्टी को सिख सम्मेलन की याद आती है और उनके लिए नीति बनाने की बात करती है जबकि स्थिति इसके बिल्कुल विपरीत है वहीं बंजारा समाज के प्रतिनिधियों ने भी अपनी उपेक्षा का दर्द साझा किया उन्होंने उत्तराखंड सरकार से मांग कि तत्काल संज्ञान लें कर समाज को भी उसका उचित अधिकार दे अन्यथा समाज अपनी उपेक्षा को कतई सहन नहीं करेगा इस अवसर पर मंजीत सिंह,मनप्रीत सिंह, जसपिंदर सिंह, बृजभान, दिलदार सिंह, गुरकीरत सिंह, सुरजीत सिंह, बालिस्टर सिंह, गुरनाम सिंह आदि मौजूद रहे